Gulab – 🌹 Rose

चाहे करना हो प्यार का इजहार,
या फिर हो दोस्ती की शुरूवात,
रूठे यार को मनाना हो,
या हो अपने मेहबूब से मुलाक़ात,
अपनी खुसबू और खूबसूरती से लुभाता है ये गुलाब🌹
कहते हैं प्यार की परिभाषा है ये गुलाब🌹

कभी किताबों के बीच याद बनके रेहजाती है,
मुरझाए पंखुड़ियां भी बीती कहानी बयान करजाती है,
होती जीकर उसकी कवि की कविताओं में,
या किसी ग़ज़ल के पंक्तियों में या फिर शीर्षक बनजाते हैं।

कांटो से जुड़कर भी कुछ खास है, ये गुलाब🌹
कहते हैं प्यार की परिभाषा है ये गुलाब🌹

Happy rose day to all।

Written by prabhamayee parida

#Truth-lie ( sach-jhooth)

कहते हैं भरोसे पे दुनिया कायम है,
पर ये भरोसा है कहां?
झूठ इस कदर चारोऔर छाया है,
सच को नाजाने में ढूंडू कहां?

कभी अनजाने में जूठ को यकीन करलिया था,
अब तो होशो आवाज़ में जुठ को सच मान लेती हूं।
क्या करूं, ये कमबख्त ईमानदारी हमसे छूटती नहीं,
अब तो हर हाल में खुदगर्ज बन जाना चाहती हूं।

हर रिश्ते के खातिर, या कहूं हर मुकाम के लिए,
खुद को साबित किया हमने।
फिर भी जिस दर्जे के काबिल है हम,
उससे ना कभी पाया हमने।

जेहन में इतना है सवाल,
पर जवाब आज तक ना मिला।
इस फरेबी दुनिया में सच जु्ठ का,
चलता रहेगा ये सिलसिला।

Written by prabhamayee parida

Intezar Aur sehi # Waiting

इम्तहान यूं जिंदेगी लेती रही,
कायनात भी ये इसरा देती रही,
मंजिल अब जादा दूर नहीं,
बस थोड़ा इंतजार और सही।

पाने की ख्वाहिश तो है,
पर इंतजार रहेगा उम्र भर,
शिद्दत से कौशिश करेंगे हम,
बाकी ना रहेगी कोई कसर।

उम्मीद तो है पर निश्चित नहीं में,
ये चाह मुकम्मल होगी या नहीं,
पर ये दिल भी हमसे कहता यही,
बस थोड़ा इंतजार और सही।

Written by prabhamayee parida